ये साल देखो फिर बीत गया


ये साल देखो फिर बीत गया 
तुमसे मिलने का जो देखा सपना वो टूट गया
ये साल देखो फिर बीत गया
इस साल का हर एक दिन कैसे बीता तुम्हारे बिन 
ये कहू कैसे हैं मुश्किल,
पल पल हर पल तुम्हारी याद मेरा दिल जीत गया 
ये साल देखो फिर बीत गया
तुमसे मिलने का जो देखा सपना वो टूट गया
कब पूरे होंगे मेरे सपने 
जब मिलेंगे मुझसे मेरे अपने
वो पल नजाने कब आयेगा 
ये साल देखो फिर बीत गया 
तुमसे मिलने का जो देखा सपना वो टूट गया
हवा एक पल को रुक भी जाइए ,
तेरी याद कभी नहीं रुकती, 
तेरी बातें सुने का करता है मन 
तुझसे मिलने का करता है मन
तुम मिल जाओगी इस उमीद मे 
अगले बरस का इंतजार है
ये साअल देखो फिर बीत गया 
तुमसे मिलने का जो देखा सपना वो टूट गया........

Comments

Popular posts from this blog

जिंदा है इंसानियत

आज के नेता